पटना (न्यूज़ सिटी)। महाराष्ट्र के पालघर जिले में जूना अखाड़े के दो साधुओं और उनके ड्रइवर की उन्मादी भीड़ द्वारा हत्या से देश सकते में है। मामले में पटना विश्वविद्यालय के सिंडिकेट सदस्य पप्पू वर्मा ने कहा कि इस हत्याकांड का रोंगटे खड़े कर देने वाला वीडियो मानवता को शर्मसार कर दिया है। उन्मादी भीड़ द्वारा संतों की हत्या पर देश के तमाम अपने आप को सेकुलर कहने वाली पाटिया आज खामोश क्यों है? महाराष्ट्र के सरकार एवं तमाम बुद्धिजीवी वर्ग जो देश में हुई किसी भी घटना पर सबसे पहले प्रतिक्रिया देते थे। वे लोग आज चुपचाप तमाशा देख रहे हैं।






https://youtu.be/LDT2pFB6ExE




ऐसी विपदा के समय इस प्रकार की घटना से देश शर्मसार हुआ है। सबसे शर्मनाक बात यह हुई की मारे गए उन साधुओं द्वारा उपस्थित पुलिसकर्मियों से अपनी जान की गुहार लगाते रहे। लेकिन उपस्थित पुलिसकर्मियों ने उनके जान बचाने के बजाय उनको भीड़ के हवाले कर दिया, इससे साफ पता चलता है। महाराष्ट्र के अंदर कानून व्यवस्था नाम की चीज नहीं है। श्री वर्मा ने कहा कि देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में तमाम देश के बड़े लोगों का निवास है। लेकिन इस घटना पर चुप हैं। क्योंकि संतों के हत्या से उनको लेना-देना क्या है। आज अगर देश में कोई मौलाना भीड़ के हाथों मारा जाता तो इनके द्वारा बड़ा-बड़ा लेख लिखा जाता और भारत रहने लायक जगह नहीं है। इस प्रकार का उनका बयान बड़े बड़े अखबारों एवं चैनलों पर सुर्खियां बनी रहती। यह दोगले चरित्र के लोगों का खामोशी सिर्फ एक समुदाय विशेष के लिए ही है।






https://youtu.be/MLOx9LT1L2w




साथ ही श्री पप्पू ने सरकार से यह मांग करता हूं कि इस भीषण हत्याकांड के घटना में शामिल उन तमाम लोगों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करते हुए अविलंब महाराष्ट्र सरकार को बर्खास्त करें और घटनास्थल को सील कर वीडियो फुटेज के आधार पर हत्याकांड में शामिल उन तमाम लोगों के साथ-साथ घटनास्थल पर उपस्थित पुलिसकर्मियों पर भी हत्या का मुकदमा दर्ज हो।


Share To:

NewsCity.co.in

Post A Comment:

0 comments so far,add yours